*मधुबनी में गैस एजेंसियों पर प्रशासन का बड़ा एक्शन, चार गोदाम सील
*उपभोक्ताओं की लंबी कतारों और गैस वितरण में अनियमितता पर डीएम सख्त, औचक छापेमारी के बाद कार्रवाई
रिपोर्ट:- मिथिला तक न्यूज
मधुबनी:
जिले में गैस उपभोक्ताओं को हो रही परेशानियों और लगातार मिल रही शिकायतों को गंभीरता से लेते हुए जिला प्रशासन ने बड़ी कार्रवाई की है। जिला पदाधिकारी आनंद शर्मा के निर्देश पर गठित प्रशासनिक टीम ने जिले की चार गैस एजेंसियों पर औचक छापेमारी की। जांच के दौरान गंभीर अनियमितताएं सामने आने पर संबंधित सभी एजेंसियों के गोदामों को तत्काल प्रभाव से सील कर दिया गया तथा उनके विरुद्ध विधिसम्मत कार्रवाई शुरू कर दी गई है।

जांच में पाया गया कि कई गैस एजेंसियां उपभोक्ताओं को समय पर गैस उपलब्ध नहीं करा रही थीं। साथ ही होम डिलीवरी व्यवस्था भी प्रभावी तरीके से संचालित नहीं की जा रही थी। इसके कारण आम लोगों को घंटों लंबी कतारों में खड़ा होकर गैस सिलेंडर लेना पड़ रहा था। प्रशासन ने इसे उपभोक्ता अधिकारों का गंभीर उल्लंघन माना है।
कार्रवाई की जद में आने वाली एजेंसियों में बाल्थी इंडेन ग्रामीण वितरक (बाल्थी, मधेपुर), अवंतिका इंडेन (बेनीपट्टी), अविमो एचपी गैस ग्रामीण वितरक (परसा, घोघरडीहा) तथा कौशल किशोर एचपी गैस ग्रामीण वितरक (मिश्रौलिया, बाबूबरही) शामिल हैं।
जिलाधिकारी आनंद शर्मा ने स्पष्ट कहा कि उपभोक्ताओं के हितों से किसी भी प्रकार का समझौता स्वीकार नहीं किया जाएगा। उन्होंने कहा कि प्रत्येक गैस एजेंसी की जिम्मेदारी है कि वह सभी उपभोक्ताओं को समयबद्ध, पारदर्शी और सुरक्षित होम डिलीवरी सुनिश्चित करे। यदि किसी एजेंसी परिसर में लंबी कतारें लग रही हैं तो यह वितरण व्यवस्था की विफलता और गंभीर लापरवाही का संकेत है।
डीएम ने कहा कि उपभोक्ताओं को अनावश्यक रूप से परेशान करना, वितरण व्यवस्था में गड़बड़ी करना अथवा कृत्रिम संकट जैसी स्थिति उत्पन्न करना किसी भी परिस्थिति में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। जिला प्रशासन को लगातार ऐसी शिकायतें मिल रही थीं कि उपभोक्ताओं को गैस सिलेंडर लेने के लिए घंटों लाइन में लगना पड़ रहा है, जबकि नियमानुसार घर तक गैस आपूर्ति की जानी चाहिए।
उन्होंने सभी गैस वितरकों को चेतावनी देते हुए कहा कि भविष्य में यदि किसी एजेंसी द्वारा लापरवाही, मनमानी या वितरण व्यवस्था में अनियमितता पाई गई तो और कठोर कार्रवाई की जाएगी। जिला प्रशासन ने स्पष्ट किया कि आम नागरिकों को सम्मानजनक और सुगम सेवा उपलब्ध कराना उसकी सर्वोच्च प्राथमिकता है।
प्रशासन ने यह भी कहा कि उपभोक्ता अधिकारों की रक्षा और पारदर्शी व्यवस्था सुनिश्चित करने के लिए आगे भी इस प्रकार की औचक जांच एवं कार्रवाई लगातार जारी रहेगी।
