अनुकंपा नियुक्ति विवाद : डीएम के आश्वासन से मिली राहत, अभ्यर्थी अब भी एक माह की मोहलत पर अड़े
मधुबनी, 28 अगस्त।

शिक्षा विभाग में अनुकंपा के आधार पर विभिन्न पदों पर चयनित अभ्यर्थियों ने गुरुवार को अचानक जारी आदेश के खिलाफ जमकर विरोध प्रदर्शन किया। दरअसल, डीईओ कार्यालय ने सभी चयनित आश्रितों को मात्र दो दिन के भीतर जटिल कागजात जमा करने का निर्देश जारी कर दिया था, जिससे अभ्यर्थियों में भारी आक्रोश फैल गया।
गुरुवार सुबह से ही बड़ी संख्या में अभ्यर्थी डीईओ कार्यालय पहुंचे और आदेश को अव्यवहारिक बताते हुए कई घंटे तक नारेबाजी करते रहे। प्रदर्शनकारियों का कहना था कि संपत्ति का विवरण और सभी व्यस्क सदस्यों का अनियोजन प्रमाण पत्र जैसे दस्तावेज इतने कम समय में तैयार करना संभव नहीं है। विरोध प्रदर्शन के दौरान डीईओ कार्यालय में किसी अधिकारी ने वार्ता नहीं की, जिससे आक्रोशित अभ्यर्थी बाद में समाहरणालय मुख्य गेट पर पहुंच गए और धरना देने लगे।
स्थिति की गंभीरता को देखते हुए देर शाम 4:30 बजे के बाद डीएम आनंद शर्मा ने प्रतिनिधियों से मुलाकात की। उन्होंने नियमानुकूल कार्यवाही और समस्याओं के समाधान का आश्वासन दिया। इसी बीच डीईओ अक्षय कुमार पांडेय ने भी नया आदेश जारी कर दस्तावेज जमा करने के लिए एक सप्ताह का अतिरिक्त समय देने की घोषणा की।
हालांकि इस निर्णय से भी अभ्यर्थियों का आक्रोश शांत नहीं हुआ। उनका कहना है कि एक सप्ताह में जरूरी कागजात बनाना असंभव है। अभ्यर्थियों ने मांग की कि कम से कम एक माह का समय दिया जाए और तत्काल मूल प्रमाण पत्र जमा करने की अनिवार्यता हटाई जाए। उन्होंने शपथ पत्र देने का विकल्प उपलब्ध कराने पर भी जोर दिया।
डीईओ अक्षय कुमार पांडेय ने कहा कि एक सप्ताह की मोहलत पहले ही दी जा चुकी है और आगे डीएम के निर्देशानुसार ही कार्यवाही होगी। उधर, डीएम आनंद शर्मा ने अभ्यर्थियों को भरोसा दिलाया है कि उनकी समस्याओं का समाधान नियमानुसार किया जाएगा।