
Madhubani:- पंडौल प्रखंड के सरहद गांव में पिछले तीन दिनों से बिजली आपूर्ति ठप है ।
तीन दिन पहले ट्रांसफार्मर जल गया जिसकी जानकारी बिजली विभाग के कनीय अभियंता, सहायक अभियंता और कार्यपालक अभियंता को मोबाइल फोन से संपर्क कर और लाईन मैन के माध्यम से दी गई तथा जले हुए ट्रांसफार्मर को बदल कर नया ट्रांसफार्मर लगाने का आग्रह किया गया। लेकिन इनलोगों ने सरहद गांव की जनता को इस तपती और उमस भरी गर्मी में वि जलते एवं तड़पते हुए छोड़ दिया और कहा कि अभी जिला में ट्रांसफार्मर उपलब्ध नहीं है। दूसरे दिन अधीक्षण अभियंता दरभंगा को मोबाइल से संपर्क कर इसकी शिकायत दर्ज कराई गई। फलस्वरूप विभाग के द्वारा कम केबी का ट्रांसफार्मर वहां लगाया गया। पूरी रात भर ट्रांसफार्मर को चार्ज किया गया।जब आज दिन में लाईन मैन मिस्त्री बिजली आपूर्ति चालू किया तो वह लोड नहीं उठाया जिस पर लाईन मैन ने कहा-यह ट्रांसफार्मर जला हुआ है। पुनः विभाग के सभी पदाधिकारीयों क्रमशः कनीय अभियंता, सहायक अभियंता, कार्यपालक अभियंता एवं अधीक्षण अभियंता से संपर्क साधा गया तथा विभाग एवं पदाधिकारीयों की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाते हुए अविलंब उस ट्रांसफार्मर को बदलकर नया एवं कम से कम उतने ही केबी का ट्रांसफार्मर लगाने की मांग की तथा इस तपती और उमस भरी गर्मी से निजात दिलाने का आग्रह किया गया। लेकिन उन्होंने इस समस्या को अनसुनी अनदेखी करते हुए कहा कि अभी कोई ट्रांसफार्मर उपलब्ध नहीं है। आक्रोश में मजबूर होकर इस गर्मी से परेशान होकर इस चिलचिलाती कड़े धूप और जानमारक गर्मी में गांव की जनता सड़क पर उतर मुख्य मार्ग सरहद चौक को जान कर दिया। जिससे चारों तरफ से आवागमन बाधित हो गया। छोटी बड़ी सभी गाड़ियों की लंबी कतार लग गई लेकिन शाम के समय तक कोई पदाधिकारी उन लोगों की सुधि लेने नहीं पहुंचे।

मौके पर पहुंचे मिथिला वाहिनी के संस्थापक सह मुख्य संरक्षक श्री मिहिर कुमार झा महादेव ने विभागीय अधिकारियों की इस लापरवाही और संवेदनहीनता पर काफी दुख और आक्रोश व्यक्त करते हुए संबंधित पदाधिकारीयों से अविलंब ट्रांसफार्मर भेजने उसे लगाने और विधुत आपूर्ति चालू करने को कहा। उन्होंने कहा कि ऐसे ही अधिकारियों के कारण वरीय पदाधिकारियों, विभाग और सरकार की आलोचना, विरोध होता है जिसका खामियाजा आम जनता को भुगतना पड़ता है इस असहनीय गर्मी में चार पांच दिन तक बिना बिजली के रहना आसान नहीं है जबकि आजकल लोग ज्यादातर बिजली उपकरण पर ही निर्भर हो चुके हैं। उन्होंने उपस्थित कार्यकर्ता, सहयोगी और सदस्यों सहित उपस्थित ग्रामीणों से आग्रह किया कि हिंसात्मक आंदोलन करने की जरूरत नहीं है अगर आज ट्रांसफार्मर नहीं लगता है तो कल बिजली विभाग के एक एक पदाधिकारीयों की घेराबंदी कर दी जायेगी। ग्रामीणों के चट्टानी एकता के आगे विभाग को झुकना पड़ा और देर शाम ट्रांसफार्मर लगाया गया तब जाकर जाम हटा। ग्रामीणों ने मुख्य रूप से कैलाश झा, वेदानंद झा,, गोपाल झा सगुन झा,अमर झा,ललन झा,सोनू,सुरज झा,बेचन झा,भवेश, सुमित,लाल झा शामिल थे जबकि समस्या के समाधान हेतु स्थानीय मुखिया प्रतिनिधि श्री गोपाल झा एवं समाजसेवी श्री मनोज चौधरी ने भी पहल किया l

