मैथिली को संविधान की अष्टम अनुसूची में शामिल करने के उपलक्ष्य में मिथिला वाहिनी के द्वारा मैथिली विजय दिवस आयोजित किया

Madhubani/ Bihar :-

मैथिली को संविधान की अष्टम अनुसूची में शामिल करने के उपलक्ष्य में मिथिला वाहिनी के द्वारा मैथिली विजय दिवस उच्च विद्यालय सरिसवपाही पंडौल के परिसर में आयोजित किया गया जिसकी अध्यक्षता श्री विद्यानंद ठाकुर जी ने किया।इस अवसर पर संगोष्ठी का भी आयोजन किया गया जिसमें मैथिली भाषा के प्रचार-प्रसार और मैथिली भाषा रोजगारोन्मुखी, व्यवसायिक भाषा भी बने उस पर सब लोगों द्वारा परिचर्चा की गई। संगोष्ठी में सभी लोगों ने इस अवसर पर एक दुसरे को बधाई दी तथा मुंह मीठा कराकर उत्साह मनाया। संगोष्ठी को संबोधित करते हुए मिथिला वाहिनी के संस्थापक सह मुख्य संरक्षक मिहिर कुमार झा महादेव ने उपस्थित सभी लोगों को विशेष कर मिथिला वाहिनी के कार्यकर्ता,सहयोगी और सदस्यों को इसके लिए बहुत बहुत बधाई दी और साथ ही आने वाले समय में एक बड़ी लड़ाई मैथिली भाषा को लेकर लड़ने के लिए तैयार रहने को कहा। उन्होंने कहा कि हमारे पुरखों के अथक प्रयास से मैथिली भाषा को आज ही के दिन 22 दिसम्बर 2003 को तत्कालीन प्रधानमंत्री स्व अटल बिहारी वाजपेई जी के नेतृत्व वाली सरकार ने संविधान के अष्टम अनुसूची में शामिल किया था। उसमें सहयोगी सभी लोगों के प्रति मिथिला वाहिनी समेत सभी मैथिल और मैथिल भाषा प्रेमी आभार व्यक्त करते हैं और सदा ही उन लोगों के प्रति कृतज्ञ रहेंगें। उन्होंने कहा कि पहले संविधान में मैथिली था अब मैथिली में संविधान आ गया है। संविधान दिवस के दिन माननीय नरेन्द्र मोदी जी के सहित अन्य सभी लोगों के सहयोग से मैथिली में संविधान का विमोचन हुआ।इसके लिए माननीय प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी जी सहित इसमें सहयोगी सभी लोगों के प्रति बहुत बहुत आभार तथा धन्यवाद। उन्होंने कहा कि अब बारी राज्य सरकार की है कि मैथिली भाषा को अविलंब राज्य की प्रथम या द्वितीय राज्यभाषा के रुप में घोषित करे और प्राथमिक पाठशाला में मैथिली की पढ़ाई शुरू हो। मिथिला क्षेत्र में सभी सरकारी, अर्द्ध सरकारी कार्यालयों पर मिथिलाक्षर में लेखन हो।अगर सरकार इस दिशा में काम नहीं करती है तो मिथिला वाहिनी आम मैथिलों सहित मैथिली भाषा प्रेमियों के सहयोग से आंदोलन खड़ा कर सरकार को इसके लिए विवश करेगी।साथ ही उन्होंने सभी राजनीतिक दलों के कार्यकर्ता और जनप्रतिनिधियों से भी इस हेतु सहयोग करने तथा आगे आने का आग्रह किया। उन्होंने कहा कि मैथिली भाषा को रोजगारोन्मुखी बनाना होगा। उन्होंने व्यवसायीयों से भी आग्रह किया कि वे मैथिली भाषा को आगे बढ़ाने में सहयोग करें। संगोष्ठी में अपने विचार रखते गिरिंद्रकर झा जी ने किस तरह से मैथिली भाषा को संवैधानिक दर्जा प्राप्त हुआ इसमें कितना संघर्ष करना पड़ा उस पर विस्तार से चर्चा की साथ ही मिथिला वाहिनी द्वारा जमीन पर मैथिलों को जगाने के लिए जो काम किये जा रहे उसकी प्रशंसा की। संगोष्ठी में अपने विचार व्यक्त करते शिक्षाविद् सत्येन्द्र कुमार सिंह ने भी मैथिली भाषा के साहित्य पर चर्चा करते हुए अपने कुछ अनुभव साझा किए तथा बताया कि अष्टम अनुसूची में शामिल भाषाओं में संस्कृति के बाद मैथिली और तमिल ही सबसे पुरानी भाषा है। उन्होंने चंदा झा रचित मैथिली भाषा में रामायण को प्रत्येक मैथिल को अपने घर में रखने और पढ़ने का आग्रह किया।

उन्होंने मिथिला वाहिनी द्वारा गुलाबीमय मिथिला अभियान के माध्यम से मिथिला के चहुंमुखी विकास हेतु कार्य करने की सराहना और प्रशंसा करते हुए कहा कि यह मिथिला वाहिनी के कार्यकर्ता सहयोगी और सदस्यों के लगातार मेहनत का परिणाम है कि आज मिथिला के सभी वर्गों के लोग अपने को मैथिल कहते हैं तथा जनप्रतिनिधि सहित राजनीतिक दल के कार्यकर्ता मैथिली भाषा में संवाद कर रहे हैं जो कि एक सुखद संकेत है। संगोष्ठी में बैजु महतो, हरिश्चंद्र मंडल,पंकज झा, संजीव साफी, संजीव ठाकुर, राजेन्द्र नाथ सिंह झा, डमरू नाथ मिश्र, उपेंद्र लाभ, वकील महतो,कमलेश कुमार झा, उमाकांत ठाकुर,सुयष प्रत्युष, मनोज कुमार यादव,सत्यम झा सहित अन्य कार्यकर्ता और सहयोगियों ने भी अपने विचार रखे। संगोष्ठी में निर्णय लिया गया कि मकर संक्रांति 2025 के दिन से मिथिला वाहिनी अपने गुलाबीमय मिथिला अभियान के माध्यम से गांव गांव जाकर लोगों को जोड़ेगी तथा मैथिली, मिथिला और मैथिलों के चहुंमुखी विकास हेतु सभी सरकारी तंत्र, जनप्रतिनिधि तथा राजनीतिक संगठन काम करे इस दिशा में काम करेगी।

Share News

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Manage push notifications

notification icon
We would like to show you notifications for the latest news and updates.
notification icon
Please wait...processing
notification icon
We would like to show you notifications for the latest news and updates.
notification icon
Please wait...processing